जैसा कि हम जानते हैं हवा की गति चीजों की दिशा तय करता है, इसी प्रकार हार प्रयास की विशेषता बताता है तथा जीत चुनौती स्वीकार करने की सीख देता है।

हर कार्य के दुष्प्रभाव है उसे जानकर ही कोई काम शुरु करें, क्यूंकि आग बुझाने के लिए पानी की जरुरत पड़ती है।

मुश्किलें आप से बड़ी नहीं हो सकती है उससे लड़ने का हुनर सीखो, क्यूंकि पक्षी जब तक अपना पंख न खोले वह उड़ नहीं सकती है।

आसमान में हज़ारों तारे टिमटिमाते हैं लेकिन रौशनी तो चंद्रमा से होती है, इसी प्रकार संसार में इंसान बहुत हैं मगर शासन कोई एक करता है।

यदि जीवन में कामयाब होना है तो गतिमान बनो, क्यूंकि समय का खर्च आप की कार्य-शैली पर निर्भर करता है।

स्वाभिमान की जीत के आगे उतना ही झुको कि तेरी खुद्दारी पर सवाल न उठे, क्यूंकि पेड़ जब झुकता है तो वह टूट कर ज़मीन पर गिर जाता है।

जब तक खेजां नहीं आता तब तक बहार नहीं खिलता है, इसी प्रकार इंसान बिना ठोकरें खाए सफ़ल नहीं होता है।

इंसान हर गुण हेतू सक्षम है उसे आरंभ करने का तरीका मालूम होने की जरुरत है, क्यूंकि बारिश अधिक होने पर पानी की मात्रा ज़्यादा मालूम होती है।

पृथ्वी अपने अक्ष पर घूमती है मगर हमें इसका एहसास नहीं है, इसी प्रकार तरक्की हमारे आस-पास है हमें उसे तलाश करने की जरुरत है।

आकाश को स्थिर रखने हेतू ग्रहों को परिक्रमा करना पड़ता है, वैसे ही अपने तरक्की को बरकरार रखने के लिए किसी भी कार्य को सुचारु रुप से करना पड़ता है।

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